मणिकर्णिका घाट ध्वस्तीकरण के विरोध में कांग्रेस का ज्ञापन, राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग।
वाराणसी के ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व वाले मणिकर्णिका घाट को 10 जनवरी 2026 को ध्वस्त किए जाने के विरोध में जगह जगह प्रदर्शन हो रहे हैं।

मणिकर्णिका घाट ध्वस्तीकरण के विरोध में कांग्रेस का ज्ञापन, राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग।
डा० शक्ति कुमार पाण्डेय
ग्लोबल भारत न्यूज नेटवर्क
प्रतापगढ़, 19 जनवरी।
वाराणसी के ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व वाले मणिकर्णिका घाट को 10 जनवरी 2026 को ध्वस्त किए जाने के विरोध में जगह जगह प्रदर्शन हो रहे हैं।

आज प्रतापगढ़ में कांग्रेस जिला अध्यक्ष डॉ नीरज त्रिपाठी के नेत्तृत्व में सैकड़ो पदाधिकारियों एवम कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुँचकर नारेबाजी करते हुए जिलाधिकारी,प्रतापगढ़ के माध्यम से महामहिम राज्यपाल महोदया, उत्तर प्रदेश को ज्ञापन प्रेषित किया।
इस अवसर पर कांग्रेस जिला अध्यक्ष डॉ नीरज त्रिपाठी ने कहा कि मणिकर्णिका घाट का ध्वस्तीकरण काशी की हजारों वर्षों पुरानी धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक परंपराओं पर सीधा आघात है।
उन्होंने कहा कि यह घाट लोकमाता माता अहिल्याबाई होलकर जी द्वारा निर्मित कराया गया था, जिनकी मूर्तियों का मलबे में दब जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण एवं निंदनीय है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी इस असंवेदनशील कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा करती है और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग करती है।
इसके पश्चात कांग्रेस सेवादल के जिला अध्यक्ष महेन्द्र शुक्ल एवम जिला उपाध्यक्ष विजय शंकर त्रिपाठी ने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा ऐतिहासिक धरोहरों को बिना जनसंवाद और विशेषज्ञों की राय के नष्ट किया जा रहा है। यह केवल एक घाट नहीं बल्कि देश की सांस्कृतिक विरासत पर हमला है। कांग्रेस पार्टी इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी और सड़क से सदन तक संघर्ष जारी रखेगी।
SIR प्रभारी व जिला उपाध्यक्ष रामशिरोमणि वर्मा एवम मनरेगा बचाओ संग्राम प्रभारी रवि भूषण सिन्हा ने संयुक्त रूप से कहा कि सरकार एक ओर गरीबों से रोजगार छीन रही है और दूसरी ओर देश की ऐतिहासिक धरोहरों को मिटाने का काम कर रही है। जनता की भावनाओं से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और कांग्रेस पार्टी जनता के साथ खड़ी है।
कांग्रेस नेताओं ने मांग किया कि मणिकर्णिका घाट का शीघ्र पुनर्निर्माण कराया जाए, माता अहिल्याबाई होलकर जी की मूर्ति की पुनः स्थापना की जाए तथा भविष्य में किसी भी पुनर्विकास कार्य से पूर्व धर्माचार्यों, इतिहासकारों एवं स्थानीय नागरिकों से अनिवार्य विमर्श किया जाए।
इस अवसर पर कोषाध्यक्ष वेदान्त तिवारी, जिला प्रवक्ता मासूम हैदर, कांग्रेस सेवादल के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेम शंकर द्विवेदी, जिला उपाध्यक्ष इन्द्रानंद तिवारी, राम लवट यादव, विवेक त्रिपाठी, सुरेश कुमार मिश्र, अशोक सिंह, सुरेश कुमार सरोज, राजेन्द्र वर्मा, शुभम मिश्र, रियाज अहमद, चन्द्रनाथ शुक्ल, मो.वसीम, राकेश कुमार गौतम, रविंद्र मिश्रा, राम कुमार पटेल, राम लखन यादव, अश्वनी उपाध्याय, आशिक अली, मोहम्मद असलम, मोहम्मद कासिम, रियाज सुल्तान, अरबाज आलम, सहजाद सलमानी, मो.दिलशाद, शिवांशु भट्ट बैजनाथ यादव, रामधन यादव, ओमप्रकाश सरोज, मोहम्मद इदरीश, शुभम शुक्ल, अब्दुल रहमान, नूर आलम इत्यादि लोग उपस्थित रहे।



