ब्रेकिंग
प्रेस क्लब के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का शपथ शपथ ग्रहण समारोह सम्पन्न। पासपोर्ट पर भ्रम खत्म जिला बार एसोसिएशन चुनाव में कुल 356 मतदाताओं में से 349 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का किया प्रयोग,कल ... भारतीय राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ का सत्ताइसवें स्थापना दिवस मनाया गया। लायंस क्लब इंटरनेशनल द्वारा वृहद वृक्षारोपण रानीगंज के विकास को लेकर सीएम योगी से मिले निवर्तमान विधायक धीरज ओझा सुल्तानपुर: सरस्वती शिशु विद्या मंदिर कमैचा चांदा में आयोजित हुई छात्र संसद  लोक भारती प्रतापगढ़ के आह्वान पर विभिन्न संगठनों नें किया देववृक्ष हरिशंकरी रोपण। सार्वजनिक विकास तथा जन जन की आवश्यकता पर सदैव खरे उतरे हैं प्रमोद तिवारी- तनुज पुनिया 65वें श्री माधव मंदिर वार्षिकोत्सव एवं श्री जगन्नाथ रथ महोत्सव के दूसरे दिन सामूहिक सुंदरकाण्ड पाठ स...
उत्तरप्रदेशप्रतापगढ़

शिव महापुराण कथा के चौथे दिन कथा व्यास जी ने देवी पार्वती के जन्म का प्रसंग सुनाया

शिव महापुराण कथा के चौथे दिन कथा व्यास जी ने देवी पार्वती के जन्म का प्रसंग सुनाया। देवी पार्वती भगवान शिव की पत्नी हैं और उनका जन्म राजा हिमालय के घर हुआ था।…

प्रतापगढ़। अष्टभुजा नगर में अमरपाल चतुर्वेदी के यहाँ आयोजित शिव महापुराण कथा में कथा व्यास बृजराज शास्त्री महाराज ने कहा कि देवी पार्वती के जन्म की कथा हिन्दू पौराणिक कथाओं का महत्वपूर्ण भाग है। देवी पार्वती भगवान शिव की पत्नी हैं और उन्हें शक्ति का अवतार माना जाता है। उनका जन्म राजा हिमालय के घर हुआ था, उनकी माता का नाम मैना था। बताया कि दक्ष प्रजापति की पुत्री सती ने भगवान शिव से विवाह किया था, लेकिन दक्ष प्रजापति ने शिव को अपने यज्ञ में आमंत्रित नहीं किया, इससे सती ने अपने पिता के यज्ञ में आत्मदाह कर लिया था।
सती के आत्मदाह के बाद भगवान शिव ने उन्हें पुनर्जन्म लेने का आशीर्वाद दिया। सती ने राजा हिमालय के घर देवी पार्वती के रूप में पुनर्जन्म लिया। देवी पार्वती ने भगवान शिव को अपने पति के रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की। बताया कि वह भगवान शिव की पत्नी होने के साथ-साथ एक शक्तिशाली देवी भी हैं। इस अष्टभुजा नगर व आसपास के भारी संख्या में क्षेत्रवाशी व श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण किया।

यह भी पढ़ें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button